शांत मन ही आत्मा की ताकत है, शांत मन में ही ईश्वर विराजते हैं, जब पानी उबलता है ।

तो हम उसमें अपना प्रतिबिम्ब नही देख सकते, जब की शांत पानी में हम खुद को देख सकते हैं, ठीक वैसे ही अगर हमारा हृदय शांत रहेगा तो हमारी आत्मा के वास्तविक स्वरूप को हम देख सकेंगे ।

ऐसे ही रूहानी विचार रोजाना सुनने के लिए, नीचे अपनी E- Mail डालकर, वेबसाइट को सब्सक्राइब कर लीजिए ताकि हर नई पोस्ट की नोटिफिकेशन आप तक पहुंच सके ।